श्रीलंका — संदिग्ध आतंकी ठिकाने पर छापे के दौरान विस्फोट में 15 की मौत

पुलिस ने कहा कि इस्लामिक आतंकवादियों द्वारा पूर्वी श्रीलंका में छापे के दौरान मारे गए 15 लोगों में से छह बच्चे थे और तीन महिलाएँ थीं

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श्रीलंका

कोलंबो | श्रीलंका के सुरक्षा बलों द्वारा आतंकवादियों के ठिकानों पर छापे के दौरान छह बच्चों सहित पंद्रह लोगों की मौत हो गई है जिसमें तीन आत्मघाती हमलावरों ने विस्फोट किया और अन्य ने पुलिस पर गोलियाँ चलाईं।

एक सैन्य प्रवक्ता ने कहा, पुलिस और सैनिकों ने शुक्रवार रात एक घंटे से अधिक समय तक संदिग्ध आतंकियों के ठिकानों पर गोलीबारी की; आतंकियों की तरफ से वापसी हमला भी हुआ, जिसके दौरान तीन विस्फोटों ने राजधानी कोलंबो से लगभग 230 मील (370 किमी) दूर पूर्वी शहर कलमुनाई में संपत्ति को भी नुकसान पहुंचाया।

जब आई थी श्रीलंका में इस्लामी आतंक की पहली लहर

Sri Lanka: 158 killed, 400 injured in terrorist attack on churches, hotels in Colombo

पुलिस ने कहा कि शनिवार सुबह तलाशी अभियान के तहत आतंकियों के मकान के अंदर तीन पुरुषों, तीन महिलाओं और छह बच्चों के शव मिले। पुलिस ने कहा कि तीन अन्य लोगों को भी आत्मघाती हमलावर माना जा रहा था; उन्हें मकान के बाहर मृत पाया गया।

इस घटना की जानकारी देने वाले एक ऑनलाइन विडियो में एक मकान बिखरा हुआ दिखा और खाकी वर्दी में पुलिस की टीमों द्वारा शवों को उठाया गया।

श्रीलंका के प्रधानमंत्री ने कहा है कि अधिकारी अब आतंकवादी सेल के समर्थकों और सहानुभूति रखने वालों पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं जिन्होंने पिछले रविवार को बम धमाके किए थे जिसमें कम से कम 253 लोग मारे गए थे और सैकड़ों लोग घायल हुए थे।

लगभग 70 आतंकी के फरार होने का अनुमान था जिनमें से कुछ आत्मघाती दस्ते के सदस्य हैं, रनिल विक्रमसिंघे ने कहा। जांचकर्ताओं को इस बारे में सुनिश्चित जानकारी नहीं है कि उन्होंने अभी तक और हमले क्यों नहीं किए। इसका अर्थ यह निकाला जा रहा है कि पिछले रविवार को पुलिस की प्रतिक्रिया से आगे के हमलों को नाकाम कर दिया गया है या हो सकता है कि आतंकी स्लीपर सेल ने और बाक़ी फिदायीन को फिलहाल हमलों से बाज़ आने की सलाह दी है।

सामन्थुरई में लगभग नौ मील दूर एक अन्य छापे ने एक इस्लामिक स्टेट का एक झंडा बरामद हुआ और साथ ही साथ हमलावर आतंकियों के पहनावे जैसे वस्त्र जिन्हें पहने हुए उन्होंने गिरोह के सरगना के प्रति अपनी निष्ठां जताते हुए विडियो जारी किया था।

पुलिस ने कहा कि सुरक्षा बलों के बीच कोई हताहत नहीं हुआ।

एक स्थानीय चरमपंथी समूह के प्रमुख मोहम्मद ज़हरान हाशिम, जो वीडियो में दिखाई दिया, कोलंबो के एक होटल शांगरी-ला में मारा गया। उसके साथ इल्हाम इब्राहिम की शिनाख्त हुई जो दूसरा आत्मघाती आतंकी था।

हमले के अपराधियों के रूप में अपने गिरोह नेशनल तौहीद जमात (एनटीजे) के नाम के सामने आने के बाद अधिकारी हाशिम की तलाश कर रहे थे लेकिन शुक्रवार को घोषणा की गई कि वह होटल बमबारी में मारा गया।

अधिकारियों ने कहा कि डीएनए परीक्षण यह तय करने के लिए किया जा रहा था कि लाश हाशिम की है।

सरकार विदेशी खुफिया चेतावनी पर ध्यान केंद्रित करने में नाकाम रहने पर बचाव की मुद्रा में है और समझा नहीं पा रही है कि एनटीजे चर्चों पर आत्मघाती विस्फोट की योजना जब बना रहा था तब सरकार क्या कर रही थी।

शीर्ष रक्षा मंत्रालय के अधिकारी हेमासिरी फर्नांडो ने इस्तीफ़ा दे दिया है और पुलिस प्रमुख पुजित जयसुंदरा शुक्रवार को इस भारी चूक के कारण इस्तीफ़ा देने वाले दूसरे शीर्ष अधिकारी बन गए।

श्रीलंका के कैथोलिक नेता कोलंबो के आर्कबिशप कार्डिनल मैल्कम रंजीत ने कहा है कि चेतावनी पर कार्रवाई करने में सरकार की विफलता से वे ठगे हुए महसूस कर रहे हैं।

श्रीलंका के प्रधानमंत्री रनिल विक्रमसिंघे ने शुक्रवार को माफी मांगते हुए कहा, “हम सामूहिक जिम्मेदारी लेते हैं और इन दुखद घटनाओं के पीड़ितों की रक्षा करने में हमारी विफलता के लिए नागरिकों से माफी मांगते हैं।”

सेना ने पुलिस की मदद के लिए सड़कों पर अपने जवानों को तैनात कर दिया है क्योंकि वे आपातकाल की स्थिति के तहत दी गई शक्तियों का उपयोग करते हुए संदिग्धों की तलाश करते हैं, जो क्षमता पुलिस में नहीं है। कम से कम 94 लोग हिरासत में हैं जिनमें एक शख्स को दो हमलावरों का पिता माना जा रहा है।

गिरजों से कहा गया है कि वे रविवार की प्रार्थना का आयोजन न करें लेकिन कार्डिनल रंजीत के निवास पर एक छोटी सी सेवा राष्ट्रीय टेलीविजन पर प्रसारित की जाएगी। एक प्रवक्ता ने कहा, “कार्डिनल ने हमें चर्चों में लोगों को इकट्ठा न करने की सलाह दी है। उस स्थान पर वे उम्मीद कर रहे हैं कि दिल ही दिल में लोग मास में शामिल हों।”

एक अन्य सेवा सेंट सेबेस्टियन के नेगोंबो के गिरजे के बाहर एक तम्बू में आयोजित होने वाली है जहां पिछले हफ्ते ईस्टर संडे मास के अंत में एक आत्मघाती आतंकी ने 100 से अधिक लोगों को मार दिया था।