बैंगलूरु— प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज (गुरुवार) कर्नाटक विधानसभा चुनाव प्रचार में दिल्ली से कर्नाटक के भाजपा नेताओं और कैंपेन कमेटी के सदस्यों से बात की। खास बात ये है कि वे प्रधानमंत्री तकनीक के जरिए कर्नाटक की 224 विधानसभा में तमाम विधायकों और कार्यकर्ताओं तक पहुंचे हैं। प्रधानमंत्री मोबाइल एप के जरिए राज्य के भाजपा उम्मीदवारों से रूबरू हुए। इस दौरान उन्होंने प्रत्याशियों से केंद्र की जनकल्याणकारी योजनाओं को जनता के बीच पहुंचाने की अपील की। बाद में प्रधानमंत्री ने कहा कि उम्मीदवार केवल योजनाओं के लाभ जनता को समझा दे उन्हें और कुछ भी करने की आवश्यकता ही नहीं रहेगी। कयोंकि विपक्ष लॉलीपॉप दिखाकर चुनाव जीतने की कोशिश कर रहा है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पुराने समय में राजनीतिक दल विकास के मुद्दे पर राजनीति नहीं करते थे, बल्कि जाति-पाति, धर्म आदि के मुद्दों पर सियासत करते थे। उन्होंने इशारों इशारों में मुख्यमंत्री सिद्धरमैया के लिंगायत समाज को अल्पसंख्यक के फैसले को लॉलीपॉप करार देते हुए कहा कि कुछ दल एक जाति को चुनाव से पहले लॉलीपॉप पकड़ाते हैं और फिर उनका उपयोग करते हैं। मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि भारत की राजनीति को कांग्रेस संस्कृति से मुक्त करना होगा। भाजपा केवल विकास के मुद्दे पर चुनाव लड़ेगी। इसके लिए उम्मीदवारों को चौकन्ना रहना होगा। विपक्ष भाजपा के लिए झूठ फैला रहा है। हमें मिलकर इस झूठ से लड़ना होगा। कांग्रेस की वजह से लोगों में राजनीति के प्रति गलत छवि बन चुकी है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कर्नाटक चुनाव में विपक्ष द्वारा विदेशी एजेंसियों के इस्तेमाल का आरोप लगाते हुए कहा कि वे उनके सहारे गुमराह करने का प्रयास करेंगे, लेकिन हमें सचेत रहना है। उन्होंने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया को महिला विरोधी करार देते हुए कहा कि कर्नाटक में माताओं-बहनों को टॉयलेट से वंचित रखा गया। हमारी सरकार ने चार साल में 34 लाख टॉयलेट बनवाए हैं, लेकिन विपक्ष मुझ पर आरोप लगाता है कि मोदी सिर्फ उद्योगपतियों के लिए कार्य करते हैं। क्या 34 लाख टॉयलेट अमीरों के लिए बनाये गए हैं?

अपने सम्बोधन में प्रधानमंत्री ने कर्नाटक के तीन उम्मीदवारों द्वारा पूछे गए सवालों के भी जवाब दिए। इस दौरान कर्नाटक से तीन विधायकों ने नमो ऐप के जरीए प्रधानमंत्री से बात की। पहला सवाल भाजपा विधायक वी. सुलील कुमार ने किया। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से पूछा कि कार्यकार्ताओं का मन जीतने का मंत्र क्या होना चाहिए? जवाब में प्रधानमंत्री ने कहा कि प्रचार में जितने पुरुष हो उतनी ही महिलाएं होनी चाहिए। विधायक को चुनाव नहीं जीतना है, बूथ को जीतना है। हमारा यही प्रयास होना चाहिए। साथ ही घर-घऱ जाकर बात करने से जतना के दिल में जगह बनती है, जिससे फायदा होता है।

दूसरा सवाल कर्नाटक के निपाणी से भाजपा विधायक शशिकला जॉली ने किया। उन्होंने भारत एक कृषि प्रधान देश है। कर्नाटक में पिछले 4-5 साल में बहुत से किसानों ने आत्महत्या की है। भाजपा की सरकार आने पर किसानों के हालात के लिए क्या काम किया जाएगा? जवाब में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा का लाभ पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। इसके साथ ही कर्नाटक में समुद्री तट पर ब्लू रिवोल्यूशन शुरू किया जाएगा। जहां औषधियों की खेती की जा सकती है। खेतों को बीच मधुमक्खी पालन कर खेती के अलावा किसान अच्छाखासा धन कमा सकते हैं।

तीसरा सवाल बेंगलूरू के राजानगर के विधायक सुरेश कुमार ने शहर की ट्रैफिक और बदहाल व्यवस्था को लेकर किया। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से पूछा कि गुजरात रॉल मॉडल बन चुका है। बेंगलूरु शहर के लिए ऐसा बनाने के लिए क्या करना होगा? प्रधानंत्री मोदी ने जवाब देते हुए कहा कि हमारी सरकारों ने शहरी विकास और ग्रामीण विकास के नाम पर राजनीति करते हुए विकास करना ही छोड़ दिया। शहरों का विकास जनता पर ही छोड़ दिया। जबकि हमें शहर की प्लानिंग के समय ही 20 साल बाद की बसावट का ख्याल रख कर काम करना चाहिए। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने इस बार बेंगलूरू शहर के लिए 60 हजार करोड़ का बजट प्लान जारी किया है। जिसे रेलवे, रोड और शहर की मेट्रो योजना के विकास के लिए खर्च किया जाएगा। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, मैं आपको विश्वास दिलाता हूं कि बेंगलूरू के विकास के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा।

उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी विधानसभा चुनाव ऐलान के बाद चुनाव प्रचार के लिये अभी कर्नाटक नहीं आए हैं। राज्य में 12 मई को मतदान होना है और 15 मई को मतगणन होगी।

हिन्दुस्थान समाचार