Thursday 9 December 2021
- Advertisement -
HomeEconomyमंदी — अगस्त में आठ प्रमुख उद्योगों का उत्पादन 0.5% घटा

मंदी — अगस्त में आठ प्रमुख उद्योगों का उत्पादन 0.5% घटा

आंकड़ों पर टिप्पणी करते हुए रेटिंग फर्म इक्रा (ICRA) ने कहा कि अगस्त 2019 में कोर सेक्टरों का प्रदर्शन निराशाजनक रूप से कमज़ोर था

सरकार द्वारा सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार अगस्त में आठ प्रमुख उद्योगों ने अपने उत्पादन में 0.5% की गिरावट दर्ज की। आर्थिक मंदी के समय आये इन आंकड़ों से बाज़ार में और निराशा बढ़ने की आशंका जताई जा रही है जब कि देश की जीडीपी चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में छह साल के न्यूनतम स्तर 5% पर आ गई है।

वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के हवाले से पता चला है कि कोयला, कच्चे तेल, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी उत्पाद, उर्वरक, इस्पात, सीमेंट और बिजली के आठ प्रमुख उद्योगों ने पिछले साल अगस्त में 4.7% का विस्तार किया था। पीछे अभी के जैसे मंदी वाले आंकड़े नवंबर 2015 में (-) 1.3 दर्ज किए गए थे।

कोयला, कच्चे तेल, प्राकृतिक गैस, सीमेंट और बिजली ने 8.6%, 5.4%, 3.9%, 4.9% और 2.9% की नकारात्मक वृद्धि दर्ज की जबकि उर्वरक और इस्पात उत्पादन समीक्षाधीन माह में क्रमशः 2.9% और 5% बढ़ा।

अप्रैल-अगस्त के दौरान आठ प्रमुख उद्योगों में वृद्धि पिछले वर्ष के 5.7% से 2.4% अधिक थी।

मंदी के एक और संकेत के रूप में रिफाइनरी उत्पादों के उत्पादन में वृद्धि दर इस साल अगस्त में 2.6% घट गई जबकि पिछले साल इसी महीने में यह 5.1% थी।

मंदी दर्शाते आंकड़ों पर टिप्पणी करते हुए रेटिंग फर्म इक्रा (ICRA) ने कहा: “अगस्त 2019 में कोर सेक्टरों का प्रदर्शन निराशाजनक रूप से कमजोर था। आठ में से छह क्षेत्रों में व्यापक आधार पर गिरावट आई और साल-दर-साल रिकॉर्डिंग के आधार पर दिख रहा है कि पांच क्षेत्रों में कारोबार सिंकुड़ गया है।” कंपनी ने यह भी कहा कि कोर सेक्टर की वृद्धि में संकुचन इस दृष्टिकोण की पुष्टि करता है कि जुलाई में आईआईपी वृद्धि में मामूली उन्नति औद्योगिक बेहतरी की शुरुआत का संकेत नहीं था।

सरकार 2019-20 के लिए जीडीपी के 3.3% के वित्तीय घाटे के लक्ष्य को पूरा करने के लिए वित्तीय वर्ष के अंत तक आरबीआई से लगभग रु० 30,000 करोड़ के अंतरिम लाभांश की मांग कर सकती है। अतीत में सरकार ने अपने खाते को संतुलित करने के लिए से अंतरिम लाभांश प्राप्त करने का मार्ग अपनाया है। पिछले वित्त वर्ष में RBI ने अंतरिम लाभांश के रूप में रु० 28,000 करोड़ का भुगतान किया था।

पिछले महीने आरबीआई ने सरकार को रु० 1,76,051 करोड़ की राशि हस्तांतरित करने के लिए अपनी मंजूरी दी जिसमें वर्ष 2018-19 के लिए रु० 1,23,414 करोड़ का अधिशेष और संशोधित आर्थिक पूंजी फ्रेमवर्क के अनुसार अतिरिक्त प्रावधानों के रु० 52,637 करोड़ शामिल थे।

0 views

Sirf News needs to recruit journalists in large numbers to increase the volume of its reports and articles to at least 100 a day, which will make us mainstream, which is necessary to challenge the anti-India discourse by established media houses. Besides there are monthly liabilities like the subscription fees of news agencies, the cost of a dedicated server, office maintenance, marketing expenses, etc. Donation is our only source of income. Please serve the cause of the nation by donating generously.

Support pro-India journalism by donating

via UPI to surajit.dasgupta@icici or

via PayTM to 9650444033@paytm

via Phone Pe to 9650444033@ibl

via Google Pay to dasgupta.surajit@okicici

Covid-19 Update: S Africa Approves Pfizer Booster Vaccine For 18 Above
#COVID19 #CoronavirusUpdates #SouthAfrica #Pfizervaccine

https://indiaaheadnews.com/world/covid-19-update-s-africa-approves-pfizer-booster-vaccine-for-18-above-80225/

Farmers at the #Singhuborder start to pack up their belongings in expectation that the year-long morcha will be called off when the ongoing SKM leaders meeting officially accepts the Centre's proposal. Photos: Sushil Kumar Verma. | reported by @prisjebaraj

2

#BQOpinion | "India produces more consistent compounders than China. They have delivered more than twice as much shareholder return as their Chinese counterparts."

Saurabh Mukherjea & @MarcellusInvest team find out what’s driving this.
https://bit.ly/3DxPQ0l

@ggiittiikkaa Wish I could say more, family had a personal connection to him..strikes at the heart this denial of dignity in untimely death, I can't get over it

Nation is still in gloom. A huge setback for the Forces, for Govt, for India, in general. For Uttarakhand, the loss is very personal. State has always been very proud to give India its first CDS. Those Pahaadi identified with him. Those Pahaad have given so many warriors 💔🇮🇳🙏 https://twitter.com/timesofindia/status/1468802052373594125

The Times Of India@timesofindia

Uttarakhand government declares 3-day state mourning over demise of CDS General Bipin Rawat

Read further:

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

- Advertisment -

Now

Columns

[prisna-google-website-translator]
%d bloggers like this: