Saturday 23 October 2021
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चाय बोर्ड ने भारतीय चाय के बारे में भ्रांतियाँ दूर कीं

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भारतीय चाय बोर्ड द्वारा ग्रीनपीस के अध्ययन के निष्कर्षों की समीक्षा करने के बाद अब इस बात की पुष्टि की जा सकती है कि सभी नमूनों का परीक्षण भारतीय नियमों और विनियमों के अनुरूप किया गया है, जो उपभोक्‍ताओं के हितों के संरक्षण के लिए बनाए गये हैं। चाय बोर्ड द्वारा जारी वक्‍तव्‍य में बताया गया है कि भारतीय चाय को दुनियाभर में प्रशंसा की निगाहों से देखा जाता है और भारतीय चाय कठोर मानकों का पालन करने के कारण पूरी तरह सुरक्षित हैं।

ग्रीनपीस ने यह आरोप लगाया था कि भारतीय चाय में कीटनाशक पाए गए हैं। इस अंतर्राष्ट्रीय एनजीओ का कहना है कि उसके द्वारा जाँच किये गए 67 प्रतिशत नमूनों में डीडीटी पाए गए हैं जिसका प्रयोग भारत में 1989 से वर्जित है।

आज भारतीय चाय बोर्ड ने एक वक्तव्य में कहा कि वह उपभोक्‍ताओं के मन में भारतीय चाय के बारे में व्‍याप्‍त किसी भी प्रकार की भ्रांति को दूर करना चाहता है। चाय बोर्ड की अगुवाई में भारतीय चाय उद्योग चाय की खेती को और ज्‍याद टिकाऊ बनाने व कृत्रिम पादप संरक्षण उत्‍पादों पर निर्भरता कम करने के लिए लगातार कदम उठाता रहा है ताकि भारतीय चाय ग्राहकों की उम्‍मीदों के अनुरूप उच्‍च मानकों पर खरी उतरे।

इनमें से एक क़दम के तहत ‘ट्रस्‍टटी’ की शुरुआत की गई है। यह एक ऐसी पहल है जिसके ज़रिये दिसंबर 2014 तक कम से कम 5 करोड़ किलो चाय को प्रमाणित किया जा सकेगा। इसी तरह पादप संरक्षण संहिता विकसित की गई है ताकि चाय की खेती में सर्वोत्‍तम तरीके अपनाने में मदद मिल सके — http://www.teaboard.gov.in/pdf/notice/plant_protection_code.pdf

एक अन्‍य क़दम के तहत वैज्ञानिक दृष्टि वाले पायलट आधार पर उद्योग जगत के साथ भागीदारी करके और भी ज़्यादा ऊंचे मानकों की पहचान और वकालत की जा रही है, जिससे चाय की खेती के लिए अकृत्रिम पादप संरक्षण उत्‍पादों की लाभप्रदता का आंकलन किया जा सके।

भारतीय चाय बोर्ड देश में चाय उत्‍पादन को और अधिक टिकाऊ बनाने के लिए सभी पक्षों के साथ सहयोग करने को तैयार है। इसी बात को ध्‍यान में रखकर चाय बोर्ड ने हाल ही में ग्रीनपीस के लिए एक संगो‍ष्‍ठी का आयोजन किया था ताकि चाय क्षेत्र के छोटे उत्‍पादकों के साथ बातचीत की जा सके।

उपभोक्‍ताओं और अन्‍य पक्षों के मन में उठ रही चिंता को दूर करने की ख़ातिर भारतीय चाय बोर्ड सभी तथ्‍यात्‍मक सूचनाओं और जवाबों को अपनी वेबसाइट www.teaboard.gov.in पर उपलब्‍ध करवाएगा।

पत्र सूचना कार्यालय

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