Monday 23 May 2022
- Advertisement -

अदालत की अवमानना और समर्थकों के हंगामे से केजरीवाल की नौटंकी की दहशत दोबारा

Join Sirf News on

and/or

दिल्ली के पटियाला हाउस-स्थित महानगर दंडाधिकारी अदालत ने आज राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को मानहानि के एक मामले में निजी मुचलका भरने से इंकार करने पर दो दिनों के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

भाजपा के पूर्व अध्यक्ष नितिन गडकरी ने उन्हें केजरीवाल की आम आदमी पार्टी (आआपा) द्वारा भ्रष्ट क़रार दिए जाने पर मानहानि की यह याचिका दाखिल की थी। अरविंद केजरीवाल ने लोकसभा चुनाव के पहले 13 भ्रष्ट नेताओं की सूची जारी की थी। इसमें बीजेपी के पूर्व अध्यक्ष नितिन गडकरी का भी नाम था। गडकरी ने इसके खिलाफ आपराधिक मानहानि का मुकदमा दायर कर दिया था।

महानगर दंडाधिकारी गोमती मनोचा ने अगली सुनवाई की तारीख शुक्रवार को तय की है। मनोचा ने उन्हें रु० 10,000 का निजी मुचलका भरने को कहा, लेकिन आआपा के सर्वोच्च नेता ने इससे इंकार कर दिया।

गडकरी की अवमानना के मुआमले में कोर्ट से समन जारी होनेके बाद अरविंद केजरीवाल अदालत में उपस्थित हुए। इससे पहले वे कई बार तारीख़ पर न्यायलय में उपस्थित नहीं हुए थे। सुनवाई के दौरानमेट्रोपालिटन मैजिस्ट्रेट मनोचा से केजरीवाल ने कहा कि कोर्ट के आदेशपर वे उपस्थित तो हो गए लेकिन ज़मानत के लिए बांड नहीं भरेंगे।

सुनवाई के दौरान मैजिस्ट्रेट ने पूछा कि आख़िर क्यों केजरीवाल बेलबांड नहीं भर रहे। समस्या क्या है? इसके लिए एक प्रक्रिया है, हम क्यों इसमामले में अलग तरह की प्रक्रिया अपनाएँ, जज ने जानना चाहा। उन्होंने कहा कि प्रक्रिया के तहतकेजरीवाल को बेल बांड भरना चाहिए। उन्होंने सवाल किया कि क्या केजरीवाल अपने लिएविशेष प्रक्रिया चाहते हैं।

केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने कोई बहुत बड़ा अपराध नहीं किया है और न ही वे इस मामले में विशेष व्यवहार की उम्मीद रखते हैं। केजरीवाल ने कहा कि यह उनका सिद्धांत है कि जब उन्होंने “कोई गलती ही नहीं की है” तो उन्हें ज़मानत भी नहीं चाहिए। इसके एवज़ में वे जेल जाने के लिए तैयार हैं!

इस बीच आआपा के अत्युत्साही कार्यकर्ता और समर्थक केजरीवाल की तुलना महात्मा गाँधी से करने लगे हैं। उनका कहना है कि गाँधी ने भी एक बार अदालत को ज़मानत के पैसे देने से इनकार किया था और इसलिए उनको जेल जाना पड़ा था। वे केजरीवाल की जेल यात्रा का दोष आने वाली नरेन्द्र मोदी सरकार पर मढ़ रहे हैं। उन्हें यह ज्ञान नहीं कि न तो आज देश में कोई विदेशी ताक़त सरकार चला रही है और न ही आज उस ज़माने की तरह न्यायपालिका कार्यपालिका के अधीन है। सो पटियाला कोर्ट के आदेश में मोदी का हाथ कैसे हो सकता है जबकि अब तक मोदी शपथ ग्रहण कर औपचारिक तौर पर प्रधानमंत्री बने भी नहीं?

इन तमाम दलीलों से बेख़बर और मस्त आआपा के पढ़े-लिखे जाहिलों ने तिहाड़ जेल पर धावा बोल दिया है। पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल तिहाड़ के भीतर हैं और बाहर उनके समर्थकों का हंगामा चल रहा है।

लगे हाथ तमाम टीवी न्यूज़ चैनलों को दो दिन के मनोरंजन का मसाला मिल गया है। ग़ौर तलब है कि इस समूह के सम्पूर्ण इतिहास में ऐसे उदाहरण भरे पड़े हैं कि ये लोग अपना कोई कार्यक्रम तब रखते हैं जब टीवी पर चल रहा कोई और दिलचस्प कार्यक्रम समाप्त हो चुका हो। वर्ष २०११ में इन्होंने जन लोकपाल आन्दोलन की शुरुआत तब की थी जब उस साल का क्रिकेट विश्वकप समाप्त हो चुका था और आइपीएल के शुरू होने में समय शेष था। अब वो हंगामा तब कर रहे हैं जब लोक सभा चुनाव की गहमा-गहमी ख़त्म हो चुकी है और टीवी के दर्शक फिर से बोर हो रहे हैं

Contribute to our cause

Contribute to the nation's cause

Sirf News needs to recruit journalists in large numbers to increase the volume of its reports and articles to at least 100 a day, which will make us mainstream, which is necessary to challenge the anti-India discourse by established media houses. Besides there are monthly liabilities like the subscription fees of news agencies, the cost of a dedicated server, office maintenance, marketing expenses, etc. Donation is our only source of income. Please serve the cause of the nation by donating generously.

Join Sirf News on

and/or

Surajit Dasgupta
Surajit Dasgupta
Co-founder and Editor-in-Chief of Sirf News Surajit Dasgupta has been a science correspondent in The Statesman, senior editor in The Pioneer, special correspondent in Money Life, the first national affairs editor of Swarajya, executive editor of Hindusthan Samachar and desk head of MyNation

Similar Articles

Comments

Scan to donate

Swadharma QR Code
Advertisment
Sirf News Facebook Page QR Code
Facebook page of Sirf News: Scan to like and follow

Most Popular

[prisna-google-website-translator]
%d bloggers like this: